पार्थिव पटेलः ग्रहों के समर्थन के बावजूद कौशल दिखाने के लिए करनी होगी मेहनत

पार्थिव पटेलः ग्रहों के समर्थन के बावजूद कौशल दिखाने के लिए करनी होगी मेहनत

लेकिन गणेशजी मानते है मासूम चेहरे वाले इस विकेटकीपर को इसके लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना होगा आैर रेस में बने रहने के लिए हर मौके का फायदा उठाना होगा। 

गुजरात के होनहार विकेट-कीपर-बल्लेबाज पार्थिव पटेल को क्रिकेट में पदार्पण के बाद टेस्ट मैच में प्रदर्शन करने का बहुत कम मौका मिला। 2002 में इंग्लैंड के खिलाफ मैच खेलते हुए मात्र 17 साल आैर 152 दिनों की उम्र में टेस्ट मैच के इतिहास में सबसे छोटे विकेट-कीपर के रूप में सिद्घि प्राप्त की। हालांकि, वे अपनी दमदार परफोमेंस को बनाए रखने में असफल रहे। जिसके बाद वो देश के जूनियर क्रिकेट में प्रदर्शन करने लगे आैर जल्द ही अंतरराष्ट्रीय परिदृश्य से धुंधला गए। जो 20 टेस्ट मैच आैर 38 एकदिवसीय मैच पार्थिव ने खेले उसमें वे उम्मीदों पर खरे नहीं उतर पाए। लेकिन वर्तमान में इंग्लैंड के खिलाफ चल रहे मोहाली टेस्ट में पार्थिव पटेल को एक आैर माैका मिला है, जिसमें उन्हें रिद्घिमाना साहा की जगह दी गर्इ है। गणेशजी मानते है सितंबर 2017 तक पार्थिव को सितारों का सहयोग मिलता रहेगा, उन्हें चयनकर्ताआें को प्रभावित करने के लिए हर मौका हड़पना होगा।

पार्थिव पटेल 

जन्म-दिनांक: 9 मार्च, 1985

जन्म-स्थान: अहमदाबाद, गुजरात

सूर्य कुंडली 

kundali

ज्योतिषीय भविष्यवाणियांः

सितारे देते है मजबूत व्यक्तित्व का संकेत 

पार्थिव की कुंडली में मंगल स्वराशि में है जो कि मजबूत व्यक्तित्व आैर आत्मबल के संकेत देता है। ये उसे अपने प्रतिस्पर्धियों आैर विरोधियों से निपटने आैर उनका तख्ता पलट करने की ऊर्जा आैर कौशल प्रदान करता है। जिस तरह गणेशजी हमेशा दावा करते है,  मजबूत मंगल खेल से जुड़े जातकों के लिए महत्वपूर्ण कारक है आैर ये प्रायः एथेलेटिक्स, खेल आैर खेल हस्तियों की कुंडली में आम स्थान है। पार्थिव के मामले में, मंगल के साथ बैठा है, जिसके कारण मंगल ग्रह की ताकत बढ़ जाती है आैर  ये अत्यधिक आत्मविश्वास, साहस, उत्तेजना प्रदान करता है एवं उसे स्टंप के पीछे तेज बनाता है।

शुक्र की उपस्थिति सफलता आैर प्रसिद्घि की पुष्टि करती है 

शुक्र उच्च का है आैर बुध के साथ विराजमान है आैर जो सफलता आैर प्रसिद्घि सुनिश्चित करता है। ये उसमें त्वरित सजगता आैर एकाग्रता के साथ ध्यान देने योग्य स्फूर्ति को भी इंगित करता है। ये उसे रचनात्मक बनने में आैर अच्छे विचार प्रकट करने में मदद करेगा।

साथ ही पढ़ेः रैना को चयनकर्ताओं की नजर में आने के लिए अपनी सारी ताकत…

गुरू उसकी संभावनाएं बढ़ाएगा

गुरू का गोचर वर्तमान में जन्म के शुक्र आैर बुध पर दृष्टि डाल रहा है जो उसे लंबे समय के अंतराल के बाद टीम इंडिया में जगह बनाने का मौका देगा। गुरू का गोचर उसे लगातार मदद करता रहेगा आैर साथ ही उसकी संभावनाआें को बढ़ाएगा। उसकी उपयोगी बल्लेबाजी आैर उत्तेजक खेल भी अपनी स्थिति मजबूत करने में मदद करेगा। लेकिन का पारगमन ये दर्शाता है कि उसका प्रदर्शन अस्थिर रहेगा। इसके अलावा,  लापरवाह बल्लेबाजी आैर विकेटकीपिंग में खामियों के कारण वो अपनी गति खो देगा।

सितंबर 2017 तक समय अच्छा रहेगा 

सितंबर 2017 तक का समय पार्थिव के लिए लाभकारी रहेगा, जो उसे अपनी क्षमता का प्रदर्शन करने के लिए कुछ अच्छे अवसर भी प्रदान कर सकता है। का गोचर ये संकेत देता है कि उसके द्वारा कड़े मुकाबले का सामना किए जाने की संभावना है, इस कारण उसे राह में प्राप्त होने वाले अवसरों को भुनाने की आवश्यकता होगी। गणेशजी कहते है कि वो 2019 के अंत तक एक या किसी अन्य तरीके से क्रिकेट से जुड़े रहेंगे।

गणेशजी के आशीर्वाद सहित

तन्मय के ठाकर

गणेशास्पीक्स डाॅट काॅम टीम

यहां क्लिक करें आैर जानें आपकी सूर्य राशि आपके व्यक्तित्व के बारे में क्या कहती है,वो भी बिल्कुल मुफ्त।  

02 Dec 2016

View All blogs

Follow Us