होम » भविष्यवाणियों » अवर्गीकृत » अपनी राशि छोड़कर बुध की राशि में जा रहे हैं सूर्य, जानिए क्या होगा आप पर प्रभाव

अपनी राशि छोड़कर बुध की राशि में जा रहे हैं सूर्य, जानिए क्या होगा आप पर प्रभाव

अपनी राशि छोड़कर बुध की राशि में जा रहे हैं सूर्य, जानिए क्या होगा आप पर प्रभाव

सभी ग्रह लगातार चलायमान है। लगातार चलते हुए सूर्य अब अपनी राशि सिंह से कन्या में प्रवेश कर रहे हैं। ज्योतिष में सूर्य को आत्मा का कारक माना जाता है। इसके साथ ही सरकार से जातक का संबंध, पिता, आंखे, नौकरी और शत्रुओं पर विजय जैसी बातों के लिए भी कुंडली में सूर्य का आकलन किया जाना जरूर होता है। पिता से मधुर संबंध हैं, किसी के रहेंगे या नहीं, यह सब बात भी सूर्य की कुंडली में स्थिति देखकर ही किया जाता है। अब जब सूर्य अपनी खुद की राशि छोड़कर कन्या में प्रवेश करेंगे, तो सभी राशियों पर इसका महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ेगा। सूर्य के इस राशि परिवर्तन का असर मेष, कर्क, वृश्चिक और धनु राशि के लोगों पर होगा। जानते हैं सूर्य का राशि परिवर्तन किस राशि के लिए कैसा होगा –


मेष राशि के व्यक्तियों के लिए सूर्य का परिभ्रमण 6वें स्थान में हो रहा है और यह भाव  रोग,शत्रु, कॉम्पिटिश, रोजाना की आय, मामा, जॉब के लिए महत्वपूर्ण है।  इसलिए ओवरऑल यह परिभ्रमण आपके कार्यों की सिद्धि देगा। आपको अपने शत्रुओं पर विजय मिलेगी। सरकारी क्षेत्र से जुड़े कार्यों में यह अच्छी प्रगति दे सकता है। विद्यार्थियों को प्रतियोगिता में लाभ होगा। लव-रिलेशन के मामले में थोड़ा समय कमजोर हो सकता है। इसके अलावा हड्डी, हार्ट और आंख संबंधी कोई पुरानी बीमारी का दर्द दूर हो सकता है। सूर्य की दृष्टि व्यय भाव में होने से आपका खर्च बढ़ सककता है। विदेश से जुड़े काम में आपको फायदा होगा।

अधिक जानें मेष राशि के बारे में

उपाय – ॐ जितेन्द्रियाय नमः मंत्र बोलते हुए भगवान सूर्य को जल अर्पण करें।


वृषभ राशि के लिए सूर्य का परिभ्रमण 5वें स्थान में होगा। किसी भी कुंडली में यह महत्वपूर्ण स्थान होता है। इसे त्रिकोण कहा जाता है। यह स्थान संतान, प्रेम, विद्या, लव और पॉलिटिक्स का है। आपके लिए सूर्य का यहां जाना थोड़ा चिंताजनक हो सकता है। आप काम में लगातार व्यस्त हो सकते हैं, जिससे आपको मानसिक थकान का अनुभव भी हो। आपके सरकारी कार्यों में विलंब हो सकता है। लव और रिलेशनशिप के मामले में भी यह समय इतना फलदायी नहीं है। आपको अपने माइनस पॉइंट को देखने की जरूरत होगी। अति आत्मविश्वास में विद्यार्थी भी खुद का कोई बड़ा नुकसान कर सकते हैं।

अधिक जानें वृषभ राशि के बारे में

उपाय – ॐ कालाश्रयाय नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।


मिथुन राशि के लिए सूर्य का परिभ्रमण चौथे भाव में होगा। यह भाव माता, हृदय की शांति, जमीन-जायदाद, वाहन, महत्वाकांक्षा, प्रेम, मातृभूमि की बात कहता है। सूर्य जैसा उग्र और प्रभावी ग्रह जब यहां गोचर करेगा, तो इससे आपकी हृदय की शांति भंग हो सकती है। दरअसल आप बहुत ज्यादा व्यस्त रहने वाले हैं। मकान, वाहन आदि का खर्चा बढ़ सकता है। इस दौरान यात्रा के भी योग बनेंगे। हो सकता है कि आपको लगे कि भौतिक सुखों में कमी आ रही है, लेकिन वास्तव में ऐसा होगा नहीं।  इस दौरान कुछ घरेलू समस्याएं भी आपको हो सकती है। हालांकि कॅरियर की दृष्टि से यह समय अच्छा होगा, क्योंकि सूर्य की दृष्टि दसवें भाव पर होगी।

अधिक जानें मिथुन राशि के बारे में

उपाय – ॐ कालकर्त्रे नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें


कर्क राशि के लिए सूर्य का गोचर तीसरे भाव में होगा। यह स्थान पराक्रम भाव का है। इसके अलावा आपमें कितना धैर्य है, छोटे भाई-बहनों के साथ आपका कम्युनिकेशन कैसा है। साथ ही जीवन के महत्वपूर्ण घटनाक्रम पर नजर भी यहीं से रखी जा सकती है। यहां सूर्य का गोचर आपको आत्मविश्वासी बनाएगा। आप ज्यादा साहसी बनेंगे और कैलक्यूलेटिव रिस्क ले सकते हैं। धैर्य ना खोकर आप साहस से काम करें। आपको यश कीर्ति की प्राप्ति होगी। नौकरी में आपकी प्रोफाइल अपग्रेड हो सकती है। अगर हेल्थ का कोई इश्यू रहा है, तो अब आपको उसमें राहत मिल सकती है। आप आध्यात्मिक उन्नति भी करेंगे। इस दौरान किसी तरह की धार्मिक यात्रा भी हो सकती है।

अधिक जानें कर्क राशि के बारे में

उपाय –  ॐ कालघ्ने नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।


सिंह राशि के लिए सूर्य का गोचर दूसरे भाव में होगा। यह भाव धन, परिवार, वाणी का है। वहीं आपका संवाद कौशल भी यहीं से देखा जाता है। यहां सूर्य का जाना आपकी वाणी को कठोर कर सकता है। हालांकि आपकी बात का असर होगा और दूसरे लोग उसकी गंभीरता को समझेंगे। फिर भी आप ज्यादा कठोर व्यवहार ना करें, इसका ध्यान जरूर रखें। इस समय धन पाने की आपकी लालसा ज्यादा बढ़ सकती है। धन, संपदा, संपत्ति और आर्थिक सुरक्षा के लिए आप थोड़े चिंतित भी नजर आ सकते हैं। आय भी प्रभावित होगी। इस दौरान आपको वाहन या किसी इलेक्ट्रिक सामान का उपयोग थोड़े ध्यान से करना चाहिए।

अधिक जानें सिंह राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वविदे नमः मंत्र का जाप करें।


आपके लिए सूर्य अब आपकी राशि में होंगे। सूर्य का पहले घर में आना आपके व्यक्तित्व, शारीरिक स्वास्थ्य और जीवनसाथी के साथ रिश्तों पर असर डालता है। यह भाव आपकी पर्सनेलिटी, स्वप्रयत्न, चरित्र, इच्छा शक्ति, बल और कीर्ति का भी है। इस महीने आप ऊर्जान्वित महसूस करेंगे। लक्ष्यों के प्रति समर्पित रहेंगे। स्वस्थ जीवनशैली की ओर अग्रसर होंगे। इस समय आप लक्ष्यों की ओर पूरी तरह से समर्पित हो सकते हैं। हालांकि यहां यह ध्यान रखना आवश्यक है कि आपको सूर्य कड़ी मेहनत की ओर अग्रसर करेगा। अगर आप मेहनत में कमजोर होंगे, तो आपको थोड़ा मानसिक तनाव हो सकता है।

अधिक जानें कन्या राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वजिते नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।


तुला राशि के लिए सूर्य का गोचर द्वादश भाव में होगा। यहां ध्यान देने योग्य बात यह है कि यह स्थान ज्योतिष में विदेश यात्रा के साथ, व्यय, हॉस्पिटल, एमएनसी में काम, बंधन, चिंता और नुकसान का है। तुला राशि के लिए सूर्य लाभ भाव का मालिक भी है। यह स्थिति अत्यधिक खर्चों की ओर इंगित कर रही है। इस दौरान आप किसी को भी पैसे उधार देने से बचें। आपका पैसा मेडिकल या अन्य किसी कानूनी या सरकारी काम में खर्च होगा। हालांकि विदेश से जुड़े काम में आपको फायदा होगा। इस समय सूर्य की दृष्टि आपके रोग भाव पर होगी, जिससे बड़े रोग में आपको निदान मिल सकता है, लेकिन छोटी-मोटी समस्याएं चलती रहेंगी।

अधिक जानें तुला राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वकर्त्रे नमः मंत्र का जाप करें और भगवान सूर्य को अर्घ्य दें।


वृश्चिक राशि के लिए सूर्य का कन्या राशि में जाना कुछ हद शुभ रहने वाला है। यह भाव लाभ, मित्र, इच्छाशक्ति, मांगलिक काम का है और सूर्य का गोचर आपको इसमें सभी प्रकार के लाभ, धन और उत्तम भोजन देने वाला है। इस समय आपको ऑफिस में भी कोई नई जिम्मेदारी मिल सकती है। आध्यात्मिक कार्यों में आपकी रुचि बढ़ेगी और घर में कोई मांगलिक काम भी हो सकता है। सरकार से लाभ और नौकरी में उन्नति का समय रहेगा। हालांकि आपको इस दौरान मेहनत से जी नहीं चुराना चाहिए। यह समय आपके सोशल नेटवर्क को भी मजबूत करेगा। आपके साथी, मित्र और समाज के बीच आपका रूतबा बढ़ेगा।

अधिक जानें वृश्चिक राशि के बारे में

उपाय –  ॐ विश्वात्मने नमः मंत्र का जाप करें और भगवान सूर्य को जल का अर्घ्य दें।


सूर्य का कन्या राशि में जाना धनु राशि वालों के लिए मिश्रित परिणाम वाला रहेगा। इस समय सूर्य आपके दसवें स्थान से गुजरेगा, जो आपके लिए शुभ और आने वाले दिनों में किसी अच्छी यात्रा का संकेत दे सकता है। यह भाव कर्म, व्यवसाय, प्रतिष्ठा, अधिकार, पद, पिता, सम्मान, समृद्धि के बारे में जानकारी देता है। सूर्य के इस गोचर के दौरान आपकी कई बड़े लोगों से मुलाकात होगी। आपको नौकरी या व्यवसाय में सफलता मिलेगी। नौकरी के नए अवसर भी आपको मिल सकते हैं। इस समय आप खुलकर अपने करियर से जुड़ी योजनाएं बनाएंगे। कार्यक्षेत्र में आपके कार्य की प्रशंसा भी होगी। हालांकि जमीन-जायदाद से जुड़े कामों में आपको थोड़ा ध्यान रखना होगा।

अधिक जानें धनु राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वतोमुखाय नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।


सूर्य अग्नि तत्व का प्रतिनिधित्व करता है। जब सूर्य जैसा ग्रह मकर राशि के लोगों के लिए नवें स्थान से गुजरेगा, तो यह समय भाग्य, धर्म, गुरु, यात्रा, उच्च शिक्षा, रिसर्च और डवलपमेंट जैसे क्षेत्र में कुछ परेशानी दे सकता है। हालांकि सूर्य ग्रहों के राजा हैं, इसलिए आपके लिए यह समय धर्म-कर्म के लिए थोड़ा अच्छा रहने वाला है। आप उच्च शिक्षा के प्रति सक्रिय रहेंगे। सूर्य का भाग्य से जाना आपको कोई धार्मिक लंबी यात्रा भी करवा सकता है, लेकिन आपकी कम्युनिकेशन स्किल थोड़ा हार्ड होगी, जिससे आपके आसपास के लोग कुछ बुरा मान सकते हैं। सूर्य की तीसरे भाव पर दृष्टि होगी, जो आपके आत्म-विश्वास को बनाए रखेगा।

अधिक जानें मकर राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वेश्वराय नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।


सूर्य का 8वें भाव में परिभ्रमण शुभ नहीं माना जाता है, क्योंकि यह भाव दुर्घटना, नुकसान, अचानक से कोई कष्ट, ऑपरेशन, स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के बारे में बताता है। कुछ ज्योतिषीय विद्वानों के अनुसार सूर्य यहां बल विहीन हो जाता है। यहां सूर्य का तेज कम रहता है। इस दौरान आपको बेहद ध्यान रखना चाहिए। वाहन आदि का प्रयोग थोड़ा धीमा करें। इस दौरान आपके खर्चों में वृद्धि होगी। जीवनसाथी के साथ संबंधों में भी कुछ तनाव आ सकता है। यह समय जीवन में बदलाव लाने का है, इसलिए आपको धैर्य के साथ आगे बढ़ना चाहिए। इस समय आध्यात्मिक कार्यों में खुद को व्यस्त रखने से आपकी काफी समस्याएं स्वयं ही कम हो जाएंगी।

अधिक जानें कुंभ राशि के बारे में

उपाय – ॐ विश्वयोनये नमः मंत्र बोलते हुए सूर्यनारायण को जल अर्पण करें।

क्या आप किसी व्यक्तिगत समस्या के बारे में चिंतित हैं? व्यक्तिगत समस्याओं के लिए उपचारात्मक समाधान खरीदें और इसे सुलझाएं।


सूर्य अब एक महीने तक आपकी राशि से सातवें भाव में गोचर करेंगे। यह भाव लाइफ पार्टनर, बिजनेस पार्टनर, दांपत्यजीवन के सुख और सार्वजनिक जीवन का प्रतिनिधत्व करता है। सूर्य जैसा अग्निकारक ग्रह जब यहां से गोचर करेंगे, निश्चिततौर पर कई जगह पर आपके मतभेद बढ़ेंगे। हो सकता है कि इस दौरान बिजनेस पार्टनर के साथ आपके संबंधों पर पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ें। पेट और सिरदर्द की समस्या बढ़ेगी। सूर्य यहां बैठकर आपके पहले भाव को देखेगा, इसलिए आपका आत्मविश्वास बढ़ा हुआ रहेगा। यह समय आपके लिए मिश्रित परिणाम देने वाला रहेगा, इसलिए जल्दबाजी में कोई काम ना करें।

अधिक जानें मीन राशि के बारे में

उपाय – ॐ नियतात्मने नमः मंत्र का जाप करें और भगवान सूर्य को अर्घ्य दें।

हमारे ज्योतिषियों से बात करें और अपने पहले परामर्श पर 100% कैशबैक प्राप्त करें