कर्क नक्षत्र

कर्क नक्षत्र

पुनर्वसु :
इस नक्षत्र के देव अदिति (देवों कि माता ) और स्वामी गुरु है | इस नक्षत्र में जन्म लेने वाले जातकों का शरीर भरावदार होता है | ये धार्मिक होते है | कोई भी काम केवल शुरु करने में उत्साही होते है | इनकी प्रवृत्ति हमेशा बदलती रहती है |
पुष्य :
इस नक्षत्र के देव गुरु है और स्वामी शनि है | शारीरिक सुख अधिक रस होने की वजह से संतान की संख्या जयादा होती है | पुरुषत्व प्रचुर मात्रा में पाया जाता है |
अश्लेषा :
इस नक्षत्र के देव नाग (सर्प) और स्वामी बुध है | इस नक्षत्र और कर्क राशि के जातक बहुत कोमल मन के होते हैं और इस कारण इनपे छोटी-छोटी बातों का भी गहरा प्रभाव पड़ता है |
 

कर्क साप्ताहिक राशिफल – 15-09-2019 – 21-09-2019

कर्क राशि के बारे में जानिए

संस्कृत नाम : कर्कट | नाम का अर्थ : केकड़ा | प्रकार : जल मूलभूत नकारात्मक | स्वामि ग्रह : चद्रंमा | भग्यशाली रंग : नारंगी | भाग्यशाली दिन : सोमवार, गुरुवार